बच्ची के बलात्कार और हत्या पर नेताओं की चुप्पी, आर्थिक मदद के नाम पर दिखावटी नेतागिरी से लोगों में नाराजगी

बच्ची के बलात्कार और हत्या मामले में चुप्पी साधने वाले नेताओं द्वारा अब पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद के नाम से नेतागिरी शुरू

कल्याण (कल्पना गौतम) : कल्याण पूर्व में 13 वर्षीय बच्ची के अपहरण, क्रूरता पूर्वक बलात्कार और हत्या के मामले ने पूरे शहर के जागरूक नागरिकों को झकझोर कर रख दिया है। इस मामले में उत्तर भारतीय समाज के कथित बड़े नेताओं और खुद को समाज का धरोहर और पिलर समझने वाले कथित वरिष्ठ समाजसेवकों द्वारा चुप्पी साधने और अनुपस्थिति के कारण कल्याण और आसपास के नागरिकों के बीच इन नेताओं के प्रति नाराजगी सोशल मीडिया पर दिखाई देने लगी है।

ADVERTISEMENT
Join Team Sushil Singh - Health Insurance Advisor

मृतक बिटिया को न्याय दिलाने की मुहिम में लगे शैलेश तिवारी, अनिल तिवारी, महेश गायकवाड, नविन गवली और विधायक शुलभा गायकवाड, नविन सिंह, बंटी तिवारी, विनीत पांडेय और अन्य सामाजिक कार्यकर्ताओं के सहयोग की स्थानीय नागरिक तारीफ कर रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ, सिर्फ नेतागिरी करने वाले लोगों के दिखावटी स्टंट के खिलाफ नाराजगी भी बढ़ रही है।

बता दें, कि भाजपा नेता चित्रा वाघ जब पीड़ित परिवार के गली से वापस हो रहीं थीं, ठीक उसी समय मृतक बच्ची का शव पहुंचा था, लेकिन चित्रा वाघ ने एक मिनट रुककर मृतक बच्ची का अंतिम दर्शन करने की जरूरत नहीं समझी। हिंदी भाषी समाज के लोगों में भारी नाराजगी का अहसास होते ही अब मामले से किनारे बैठे हिंदीभाषी नेताओं द्वारा पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद कर खुद का प्रचार करने के मामले सामने आने लगे हैं।

भाजपा नेता अमरजीत मिश्रा द्वारा पीड़ित परिवार को एक लाख की आर्थिक मदद की घोषणा से लोग सवाल कर रहे हैं कि, इतने दिन से मिश्रा ने सरकार को न तो एक ट्वीट किया और न ही दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के लिए भाजपा मुख्यमंत्री से शिष्ट मंडल के साथ मुलाकात की, तो अब पीड़ित परिवार को एक लाख के मुआवजे से मृतक बच्ची के साथ न्याय होगा?

डेली डोज मीडिया से बातचीत करते हुए राष्ट्र कल्याण पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शैलेश तिवारी ने कहा “कि हमारा पूरा ध्यान मृतक बच्ची के हत्यारों को फांसी दिलाने में होना चाहिए और जिसे भी पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद करनी हो, वो बिना खुद के प्रचार और स्टंटबाजी के करे ताकि समाज में एक अच्छा संदेश जाए”।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *